कोरबा,सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण तथा यातायात नियमों के बेहतर पालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में संपन्न हुई।
बैठक में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए किए जा रहे प्रयासों तथा आवश्यक सुधारात्मक उपायों पर विस्तार से चर्चा की गई। कलेक्टर श्री दुदावत ने पूर्व बैठक में लिए गए निर्णयों एवं दिए गए निर्देशों की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को सड़क सुरक्षा के सभी पहलुओं पर गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दुर्घटना नियंत्रण के लिए विभागीय समन्वय, सतत निगरानी और समयबद्ध कार्रवाई अत्यंत आवश्यक है। सभी विभाग निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्यों को प्राथमिकता से पूर्ण करें, दुर्घटना संभावित स्थलों पर सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ करें तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही या उदासीनता पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। बैठक में चिन्हित ब्लैक स्पॉट एवं दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा को सुदृढ़ बनाने हेतु किए जाने वाले सुधारात्मक कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। उन्होंने जिले के चिन्हित ब्लैक स्पॉट व दुर्घटना संभावित क्षेत्रों पर आवागमन को सुरक्षित एवं सुगम बनाने के लिए झाड़ियों की नियमित सफाई, सड़क किनारे अतिक्रमण हटाने, क्षतिग्रस्त एवं निम्न स्तर के रोड शोल्डर की मरम्मत, रेडियमयुक्त चेतावनी एवं संकेतक बोर्ड लगाने, स्पीड ब्रेकर, रंबल स्ट्रिप निर्माण तथा पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कोयला एवं फ्लाई ऐश परिवहन मार्गों पर धूल नियंत्रण के लिए नियमित पानी छिड़काव करने तथा आवश्यक सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को भी कहा। साथ ही कटघोरा अंबिकापुर मार्ग में गुरसिया से घाट के मध्य स्थित तीव्र मोड़ों (शार्प टर्न) एवं दुर्घटना संभावित स्थलों पर सड़क सुरक्षा उपायों को सुदृढ़ करने हेतु आवश्यक स्थानों पर रंबल स्ट्रिप, रोड शोल्डर एवं क्रैश बैरियर स्थापित कर यातायात को सुरक्षित एवं सुगम बनाने की कार्रवाई शीघ्र सुनिश्चित करने निर्देशित किया।
कलेक्टर ने बैठक में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। साथ ही ओवरस्पीड वाहन संचालन, बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने, तीन सवारी, बिना नंबर प्लेट के वाहन संचालित करने, नो-पार्किंग क्षेत्रों में वाहन खड़े करने तथा यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि यातायात नियमों के उल्लंघन पर सख्ती बरतते हुए नियमित जांच एवं निगरानी की जाए, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित हो।

कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को स्कूलों एवं कॉलेजों में व्यापक स्तर पर यातायात जागरूकता और प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने शाला प्रवेशोत्सव के साथ सड़क सुरक्षा जागरूकता गतिविधियों के आयोजन हेतु वार्षिक कैलेंडर तैयार कर समयबद्ध कार्यक्रम निर्धारित करने को कहा। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों, महाविद्यालयों, एनसीसी एवं स्काउट-गाइड के छात्र-छात्राओं की सहभागिता से हेलमेट रैली, निबंध एवं क्विज प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक तथा अन्य जनजागरूकता गतिविधियों के माध्यम से सड़क सुरक्षा अभियान संचालित करने के निर्देश दिए।कलेक्टर ने रूमगरा से बजरंग चौक मार्ग में सड़क निर्माण में अपेक्षित प्रगति नही होने पर कार्यपालन अभियंता लोक निर्माण विभाग को नोटिश जारी करने एवं ग्रामीण क्षेत्रों में यातायात जागरूकता अभियान की धीमी प्रगति पर सभी जनपद सीईओ को नोटिश जारी करने के निर्देश दिए।बैठक में निगम आयुक्त आशुतोष पाण्डेय, एसडीएम कटघोरा तन्मय खन्ना, ओएसडी तरुण कुमार किरण, प्रभारी एसपी लखन पटले, जिला परिवहन अधिकारी अतुल कुमार असैय्या सहित पीडब्ल्यूडी, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, एसईसीएल, बालको सहित विभिन्न औद्योगिक प्रतिष्ठानों के अधिकारी उपस्थित रहे।





